चारधाम यात्रा 2025 के लिए हेलीकॉप्टर सेवाएं फिर शुरू, DGCA ने नई सुरक्षा व्यवस्थाओं के साथ दी मंजूरी
देहरादून/18/09/2025
चारधाम यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए राहत भरी खबर है। मॉनसून ब्रेक के बाद डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (DGCA) ने 15-16 सितंबर से हेलीकॉप्टर सेवाओं को हरी झंडी दे दी है। अब यात्री आसानी से केदारनाथ, बद्रीनाथ, गंगोत्री और यमुनोत्री धाम के दर्शन कर सकेंगे। इस बार यात्रियों और पायलटों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कई नई व्यवस्थाएं लागू की गई हैं।
मॉनसून के दौरान उत्तराखंड के पहाड़ी इलाकों में लगातार बारिश, बादल फटना और खराब मौसम की वजह से यात्रा को रोकना पड़ा था। इस अवधि में हेलीकॉप्टर सेवाएं भी बंद कर दी गई थीं। मई-जून 2025 में चारधाम रूट पर हुई कुछ हेलीकॉप्टर दुर्घटनाओं ने सरकार और एजेंसियों को सुरक्षा इंतज़ाम और सख्त करने के लिए मजबूर किया।
नागरिक उड्डयन मंत्री रममोहन नायडू और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दिल्ली और देहरादून में कई अहम बैठकें कीं। इन बैठकों में DGCA, एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (AAI) और उत्तराखंड सिविल एविएशन डेवलपमेंट अथॉरिटी (UCADA) के अधिकारी शामिल रहे। सरकार ने सभी एजेंसियों को साफ निर्देश दिए कि सुरक्षा पर कोई समझौता नहीं होना चाहिए।
13 से 16 सितंबर के बीच DGCA की टीम ने सभी हेलीपैड्स, हेलीकॉप्टर और ऑपरेटर्स का निरीक्षण किया। इस दौरान एयरवर्थिनेस, सुरक्षा सुविधाओं और ग्राउंड स्टाफ की तैयारियों का आकलन किया गया। सभी मानकों पर खरे उतरने के बाद ही हेलीकॉप्टर ऑपरेशंस की अनुमति दी गई।
इस बार यात्रियों के लिए दो तरह की सेवाएं उपलब्ध होंगी। चार्टर सर्विस देहरादून (सहस्त्रधारा) से सीधे चारों धाम तक उपलब्ध होगी, जबकि शटल सर्विस गुप्तकाशी, फाटा और सीतापुर से श्री केदारनाथ धाम तक चलेगी। कुल 7 ऑपरेटर्स/कंसोर्टियम चार्टर सेवाओं का संचालन करेंगे, जबकि 6 ऑपरेटर्स शटल सेवाएं उपलब्ध कराएंगे।
DGCA ने इस बार कई नई सुरक्षा व्यवस्थाएं लागू की हैं। केवल प्रशिक्षित और हाई-एल्टीट्यूड उड़ान में योग्य पायलट्स को उड़ान भरने की अनुमति होगी। हर हेलीकॉप्टर का नियमित निरीक्षण और निर्माता की गाइडलाइन के अनुसार मेंटेनेंस किया जाएगा। यात्रियों को उड़ान से पहले सुरक्षा संबंधी जानकारी दी जाएगी और आपातकालीन प्रोटोकॉल समझाए जाएंगे। इसके अलावा पायलट्स को रियल-टाइम मौसम अपडेट उपलब्ध होंगे और आधुनिक नेविगेशन सिस्टम का इस्तेमाल अनिवार्य किया गया है। UCADA कंट्रोल रूम से हर मूवमेंट पर कड़ी नज़र रखी जाएगी और ग्राउंड स्टाफ की संख्या भी बढ़ाई गई है।
चारधाम यात्रा के दौरान हेलीकॉप्टर सेवाओं की बहाली से लाखों श्रद्धालुओं को राहत मिलेगी। कड़े सुरक्षा इंतज़ामों के बीच यह यात्रा और भी सुरक्षित और व्यवस्थित होने की उम्मीद है।