जालंधर में मुस्लिम समाज का 8 अक्टूबर को विरोध प्रदर्शन का ऐलान, BJP पर पुलिस को दबाव में लेने का आरोप
जालंधर/06/10/2025
पंजाब के जालंधर में “आई लव मोहम्मद” विवाद को लेकर मचे हंगामे के बाद अब मुस्लिम समाज ने 8 अक्टूबर को विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया है। मुस्लिम समाज के नेता एडवोकेट नईम खान और आम आदमी पार्टी (AAP) पार्षद के पति अयूब खान ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि पुलिस बीजेपी के दबाव में काम कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि “जय श्रीराम” के नारे लगाकर माहौल खराब करने वालों पर कोई एफआईआर दर्ज नहीं की गई है, जबकि मुस्लिम समाज के शांतिपूर्ण प्रदर्शन को एकतरफा रूप से निशाना बनाया जा रहा है।
मुस्लिम नेताओं ने बताया कि विरोध प्रदर्शन आज किया जाना था, लेकिन 6 और 7 अक्टूबर को भगवान वाल्मीकि जयंती की शोभायात्रा के चलते इसे स्थगित कर 8 अक्टूबर दोपहर 12 बजे श्री गुरु रविदास चौक पर आयोजित किया जाएगा। इसी दौरान सभी धर्मों के प्रतिनिधियों की संयुक्त बैठक होगी, जिसमें आगे की रणनीति तय की जाएगी।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में एडवोकेट नईम खान और अयूब खान ने आरोप लगाया कि जालंधर में मुस्लिम समाज की पीसफुल प्रोटेस्ट रैली के दौरान योगेश मैनी नामक व्यक्ति ने जानबूझकर “जय श्रीराम” के नारे लगाकर दंगा भड़काने की कोशिश की। उनका कहना है कि यह पूरी साजिश मुस्लिम समाज को उकसाने और शहर का माहौल बिगाड़ने के लिए रची गई थी।
नईम खान ने कहा कि पुलिस एकतरफा कार्रवाई कर रही है और अब तक मुख्य आरोपी योगेश मैनी पर एफआईआर दर्ज नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि इससे न सिर्फ मुस्लिम समाज बल्कि अन्य समुदायों के लोगों में भी गुस्सा है। अयूब खान ने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी पंजाब में आपसी भाईचारे को तोड़ने और सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रही है। उन्होंने मांग की कि योगेश मैनी के खिलाफ तत्काल एफआईआर दर्ज कर यह जांच की जाए कि उसे किसने साजिश के तहत भेजा।
वहीं, जमीयत उलेमा-ए-हिंद के जिला प्रधान मजहर आलम ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि पुलिस कमिश्नर दफ्तर के बाहर भाजपा समर्थकों ने शांति भंग करने की कोशिश की, लेकिन कार्रवाई मुस्लिम समाज के लोगों पर की गई। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की जाए ताकि शहर में शांति और भाईचारा बरकरार रहे।