NEWS CHOICE

निष्पक्ष खबर, बेबाक अंदाज

ट्रंप का बदला रुख: बोले — अब यूक्रेन के लिए रूस से जीतना मुश्किल, पुतिन से मुलाकात से पहले दिया बड़ा बयान

वॉशिंगटन/21/10/2025

TRUMPPPPPP

रूस-यूक्रेन युद्ध को लेकर अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर अपना सुर बदल दिया है। पहले जहां उन्होंने दावा किया था कि यूक्रेन रूस को हराकर अपनी जमीन वापस ले सकता है, अब उन्होंने कहा है कि “यूक्रेन के लिए युद्ध जीतना अब मुश्किल लग रहा है।” ट्रंप का यह बयान ऐसे समय में आया है जब वे आने वाले हफ्तों में हंगरी के बुडापेस्ट में रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ युद्ध समाप्त करने पर बातचीत करने वाले हैं।

ट्रंप ने सोमवार को ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री एंथनी अल्बानीज के साथ व्हाइट हाउस में बैठक से पहले मीडिया से बातचीत के दौरान कहा,

“वे अब भी जीत सकते हैं, लेकिन मुझे नहीं लगता कि वे जीतेंगे। युद्ध बहुत अजीब चीज है, कुछ भी हो सकता है।”

उनके इस बयान ने वॉशिंगटन और कीव दोनों में हलचल मचा दी है। विश्लेषकों का कहना है कि ट्रंप की यह टिप्पणी यूक्रेन को लेकर अमेरिका के समर्थन पर सवाल खड़े करती है, खासकर तब जब वे खुद पुतिन के साथ सीधे संवाद की तैयारी कर रहे हैं।

पुतिन से बातचीत के बाद ट्रंप का बदला लहजा

कुछ हफ्ते पहले तक ट्रंप यूक्रेन को लॉन्ग रेंज टॉमहॉक मिसाइलें भेजने के पक्ष में थे, जिससे कीव को रूस के भीतर गहराई तक हमला करने की ताकत मिल सकती थी। लेकिन पुतिन के साथ लंबी बातचीत के बाद उन्होंने अपने सुर बदल लिए और अब इस योजना से पीछे हट गए हैं। ट्रंप का कहना है कि वह फिलहाल तनाव नहीं बढ़ाना चाहते और “दोनों पक्षों को वहीं रुककर शांति पर विचार करना चाहिए।”

जेलेंस्की बोले — बैठक रही सकारात्मक, पर पुतिन नहीं मान रहे

यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने ट्रंप के साथ दो घंटे से ज्यादा चली बैठक को “सकारात्मक” बताया, लेकिन यह भी स्वीकार किया कि पुतिन अब भी डोनेट्स्क और लुगांस्क क्षेत्रों को पूरी तरह अपने कब्जे में लेने की मांग पर अड़े हैं। जेलेंस्की ने कहा, “ट्रंप ने युद्ध विराम और वर्तमान स्थिति पर स्थिरता बनाए रखने का सुझाव दिया है। अगर इससे युद्ध खत्म होता है, तो हम इसे एक सकारात्मक पहल मानते हैं।”

हालांकि, उन्होंने पुतिन के उस प्रस्ताव को खारिज कर दिया जिसमें कहा गया था कि यूक्रेन डोनबास (डोनेट्स्क और लुगांस्क) के बदले खेरसॉन और जापोरिज्जिया में कुछ हिस्से प्राप्त कर सकता है। जेलेंस्की ने कहा कि यह प्रस्ताव “स्पष्ट नहीं और अस्वीकार्य” है।

यूक्रेन की सैन्य मदद पर संशय

ट्रंप ने एक बार फिर स्पष्ट कर दिया है कि अमेरिका फिलहाल यूक्रेन को नई मिसाइल प्रणालियां नहीं देगा। इसके बावजूद जेलेंस्की ने कहा कि वे 25 पैट्रियट एयर डिफेंस सिस्टम अमेरिकी कंपनियों से खरीदने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन उत्पादन में समय लगने के कारण डिलीवरी में देर होगी। उन्होंने ट्रंप से यूरोपीय साझेदारों के माध्यम से जल्द आपूर्ति करवाने का अनुरोध किया है।

ऊर्जा और गैस प्रोजेक्ट्स पर भी चर्चा


बैठक के दौरान अमेरिका और यूक्रेन के बीच ऊर्जा सहयोग पर भी चर्चा हुई। इसमें ओडेसा में एलएनजी टर्मिनल, परमाणु ऊर्जा और तेल परियोजनाओं में अमेरिकी कंपनियों की भागीदारी पर सहमति जताई गई।

हंगरी वार्ता पर निगाहें

अब सबकी नजरें बुडापेस्ट में होने वाली ट्रंप-पुतिन वार्ता पर टिकी हैं। जेलेंस्की को इस बैठक में आमंत्रित नहीं किया गया है, लेकिन उन्होंने संकेत दिए हैं कि अगर यह बातचीत यूक्रेन के हितों के अनुकूल होगी तो वे इस पर विचार कर सकते हैं।

उन्होंने हंगरी के प्रधानमंत्री विक्टर ओरबान पर भी निशाना साधा और कहा, “एक ऐसा नेता जो हर जगह यूक्रेन को रोकने की कोशिश करता है, उससे किसी संतुलित भूमिका की उम्मीद नहीं की जा सकती।”

जेलेंस्की ने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि सभी पक्ष युद्ध के संभावित अंत के करीब पहुंच रहे हैं। उन्होंने कहा,

“ट्रंप ने मध्य पूर्व में बहुत कुछ हासिल किया है, और अब शायद वे उसी रणनीति से रूस-यूक्रेन युद्ध को भी खत्म करना चाहते हैं।”

Scroll to Top