कांसल गांव में थार का आतंक: नशे में धुत वकील ने सड़क पर मचाई तबाही
गाय और दो राहगीरों को कुचला, 35 वर्षीय साहब लाल की मौके पर मौत
चंडीगढ़/30/10/2025
चंडीगढ़।
सिटी ब्यूटीफुल चंडीगढ़ में एक बार फिर तेज रफ्तार और लापरवाही ने एक मासूम की जान ले ली। देर रात कांसल गांव के पास एक काली थार ने सड़क पर मौत का मंज़र खड़ा कर दिया। हादसे में 35 वर्षीय साहब लाल की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हुआ। आरोपी की पहचान मुकुल खत्री, निवासी सोनीपत, के रूप में हुई है जो पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में वकील है।
शराब के नशे में रफ्तार बनी जानलेवा
पुलिस जांच में सामने आया कि मुकुल खत्री शराब के नशे में था। वह अपनी थार को बेकाबू रफ्तार में चला रहा था। कांसल से कैंबवाला रोड पर चलते हुए उसने पहले एक गाय को टक्कर मारी, फिर कुछ ही मीटर आगे साइकिल सवार साहब लाल को जोरदार टक्कर दे दी। इतना ही नहीं, आरोपी ने इसके बाद पास से गुजर रहे एक्टिवा चालक को भी कुचल डाला।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, टक्कर के बाद साइकिल थार के आगे फंस गई, लेकिन चालक ने वाहन रोकने के बजाय उसे करीब 50 मीटर तक घसीटते हुए चलाया। इस दौरान साहब लाल भी बोनट से फंस गए और गंभीर रूप से घायल हो गए।
पत्नी की चीखें और परिवार का दर्द
मृतक साहब लाल की पत्नी ने बताया कि—
मेरे पति को गाड़ी में फंसाकर वह काफी दूर तक घसीटता चला गया, मगर उसने एक बार भी गाड़ी नहीं रोकी।”
साहब लाल चार बच्चों के पिता थे — तीन बेटे और एक 10 साल की बेटी। परिवार का एकमात्र सहारा छिन जाने से गांव में मातम छा गया है।
आरोपी पकड़ा गया, जांच शुरू
घटना के बाद मुकुल खत्री भागने की कोशिश कर रहा था, लेकिन गाड़ी बीच रास्ते में बंद हो गई। मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने उसे पकड़कर पुलिस को सौंप दिया। थाना प्रभारी सतनाम सिंह ने बताया कि मुकुल के खिलाफ कातिलाना लापरवाही और नशे में ड्राइविंग का मामला दर्ज किया गया है।
15 दिन में तीसरा थार हादसा
चंडीगढ़ में बीते दो हफ्तों में थार वाहनों से जुड़ी यह तीसरी मौत है। इससे पहले सेक्टर 45 में दो बहनों में से एक की जान गई थी। लगातार हो रही इन घटनाओं ने प्रशासन की जिम्मेदारी पर सवाल उठा दिए हैं।
लोगों का कहना है कि अगर समय रहते ऐसे चालकों पर सख्ती की गई होती, तो शायद आज साहब लाल ज़िंदा होते।