20 सितंबर तक मनाली तक नेशनल हाईवे बहाल करने का लक्ष्य: केंद्रीय मंत्री अजय टम्टा
मंडी/14/09/2025
हिमाचल प्रदेश में आई भीषण प्राकृतिक आपदा के बाद केंद्र सरकार ने क्षतिग्रस्त राष्ट्रीय राजमार्गों के पुनर्निर्माण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। इसी क्रम में केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग राज्य मंत्री अजय टम्टा ने रविवार को पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर के साथ मंडी जिले के सराज विधानसभा क्षेत्र का दौरा किया और प्रभावित क्षेत्रों में चल रहे राहत और पुनर्निर्माण कार्यों की समीक्षा की। उन्होंने स्पष्ट कहा कि 20 सितंबर तक मनाली तक नेशनल हाईवे को पूरी तरह बहाल करने का लक्ष्य रखा गया है, जिसके लिए केंद्र सरकार द्वारा तत्काल 201 करोड़ रुपये का बजटीय प्रावधान किया गया है।
अजय टम्टा ने आपदा की भयावहता को ‘बेहद कष्टदायक’ बताते हुए कहा कि इसमें मानव जीवन, निजी संपत्तियों और सरकारी ढांचे को गहरा नुकसान पहुंचा है। उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्वयं हिमाचल आकर आपदा ग्रस्त क्षेत्रों का निरीक्षण किया और तुरंत ₹1,500 करोड़ की विशेष राहत राशि स्वीकृत की। इसके साथ ही एनडीआरएफ और एसडीआरएफ के तहत 200 करोड़ रुपये से अधिक की एडवांस राशि भी जारी की गई है ताकि पुनर्वास और पुनर्निर्माण कार्यों में तेजी लाई जा सके।
मंत्री ने सराज के बालीचौकी में राष्ट्रीय उच्च मार्ग-305 की खस्ताहालत का स्थलीय निरीक्षण किया और तत्काल प्रभाव से राज्य लोक निर्माण विभाग को मरम्मत के निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त, उन्होंने माणी गांव का दौरा कर थाची मेजर डिस्ट्रिक्ट रोड (MDR) को शीघ्र बहाल करने और एक नया वैली ब्रिज बनाने का निर्देश भी दिया, साथ ही संबंधित विभाग को आवश्यक प्राकलन तैयार कर भेजने के लिए कहा।
पूर्व मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने मंत्री को आपदा से प्रभावित इलाकों की जमीनी हकीकत से अवगत कराया और कहा कि क्षतिग्रस्त सड़कों के कारण सेब बागवानों और किसानों को मनाली, कुल्लू और मंडी में करोड़ों रुपये का नुकसान झेलना पड़ा है। उन्होंने अजय टम्टा का प्रदेश दौरा करने के लिए आभार प्रकट किया और उम्मीद जताई कि इससे पुनर्निर्माण कार्यों को नई गति मिलेगी।
दौरे के दौरान केंद्रीय मंत्री अजय टम्टा ने कीरतपुर से लेकर मनाली तक फोर लेन का निरीक्षण किया, जिसमें गड़ामोड़ा, पंडोह, दवाड़ा फ्लाईओवर, झलोगी टनल, थलौट, औट, नगवाई, भुंतर, कुल्लू, शिरड, बिंदुढांक और मनाली तक क्षतिग्रस्त हिस्सों का जायजा लिया। उन्होंने NHAI अधिकारियों को मरम्मत और पुनर्निर्माण कार्यों में तेजी लाने के स्पष्ट निर्देश दिए।
इस महत्वपूर्ण दौरे में उनके साथ बंजार के विधायक सुरेंद्र शौरी, करसोग के विधायक दीपराज, पूर्व मंत्री गोविंद ठाकुर, पूर्व सांसद महेश्वर सिंह, कुल्लू भाजपा नेता नरोत्तम ठाकुर, भाजपा जिलाध्यक्ष मंडी निहाल चंद शर्मा, कुल्लू के अमित सूद, उपायुक्त मंडी अपूर्व देवगन, एनएचएआई के वरिष्ठ अधिकारी, और स्थानीय प्रशासन व बीजेपी के अन्य वरिष्ठ नेता भी मौजूद रहे।
केंद्रीय मंत्री ने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री मोदी के निर्देशानुसार हिमाचल प्रदेश के आपदा प्रभावित क्षेत्रों में कुल सात केंद्रीय मंत्री लगातार दौरे कर रहे हैं, ताकि स्थानीय लोगों की समस्याएं सीधे सुनी और समाधान की दिशा में कार्य किया जा सके। उन्होंने कहा कि हिमाचल की आपदा को केंद्र ने गंभीरता से लिया है और पुनर्निर्माण के हर चरण में राज्य को पूर्ण सहयोग दिया जाएगा।
यह दौरा हिमाचल प्रदेश के लिए केवल एक निरीक्षण यात्रा नहीं बल्कि केंद्र सरकार की गंभीर प्रतिबद्धता का संकेत है। अजय टम्टा के इस दौरे से जहां हाईवे रेस्टोरेशन कार्यों को गति मिलेगी, वहीं स्थानीय जनता को भी भरोसा मिलेगा कि सरकार उनके संकट की घड़ी में उनके साथ खड़ी है।