आपदा राहत पर सियासत जयराम बोले 7 लाख में से 4.5 लाख तो केंद्र के
मंडी। 17|08|2025
मंडी। हिमाचल प्रदेश इन दिनों प्राकृतिक आपदा से जूझ रहा है। बारिश और भूस्खलन से कई जिलों में तबाही का आलम है, लेकिन इस बीच आपदा पीड़ितों की मदद के बजाय सियासत तेज हो गई है। प्रदेश सरकार ने आपदा प्रभावित परिवारों को 7 लाख रुपए की सहायता राशि देने का ऐलान किया था। मगर, सराज घाटी में आपदा प्रभावितों से मिलने पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। जयराम ठाकुर ने कहा कि राहत पैकेज का बड़ा हिस्सा वास्तव में केंद्र सरकार से मिल रहा है। उन्होंने दावा किया कि 7 लाख रुपए में से 4.5 लाख रुपए केंद्र की तरफ से हैं—जिसमें प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 1.5 लाख, आपदा राहत के लिए अलग से 1.5 लाख और श्रम मंत्रालय की ओर से 1.5 लाख रुपए शामिल हैं। ऐसे में प्रदेश सरकार का वास्तविक योगदान सवालों के घेरे में है। जयराम ने सख्त लहजे में कहा कि “सरकार को घावों पर मरहम लगाना चाहिए था, लेकिन प्रभावितों को मुकदमों में उलझाया जा रहा है। राहत के नाम पर जनता के साथ छलावा किया जा रहा है।” पूर्व सीएम ने यह भी आरोप लगाया कि कई गांवों में मकान पूरी तरह से जर्जर और असुरक्षित हो चुके हैं, मगर प्रशासन इन्हें आधिकारिक रूप से क्षतिग्रस्त घोषित करने में टालमटोल कर रहा है। इससे प्रभावित परिवार न तो पूरी राहत राशि ले पा रहे हैं और न ही अपने घरों के पुनर्निर्माण की शुरुआत कर पा रहे हैं। जयराम ठाकुर ने स्पष्ट किया कि वह इस मुद्दे को विधानसभा सत्र में जोर-शोर से उठाएंगे। उन्होंने सरकार से मांग की कि वह घोषणाओं और दिखावे की बजाय पारदर्शिता के साथ वास्तविक राहत पहुंचाए, ताकि आपदा पीड़ितों को जल्द से जल्द मदद मिल सके।