चौपाल में आंगनबाड़ी केंद्रों की लापरवाही उजागर — बच्चों को परोसे जा रहे थे घुन और कीड़े लगे चावल
डॉ. एसपी कत्याल ने दिए कड़ी कार्रवाई के आदेश
शिमला/24/10/2025
हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले के चौपाल क्षेत्र में बच्चों के पोषाहार की गुणवत्ता को लेकर गंभीर मामला सामने आया है। राज्य खाद्य आयोग द्वारा किए गए हालिया निरीक्षण के दौरान धार चांदना सर्किल के 10 आंगनबाड़ी केंद्र बंद पाए गए। निरीक्षण आयोग के चेयरमैन डॉ. एसपी कत्याल ने स्वयं किया।
निरीक्षण में पाया गया कि बच्चों को परोसे जाने वाले चावल में घुन और कीड़े मौजूद थे। यह स्थिति बच्चों के स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक मानी जा रही है। आयोग के चेयरमैन ने तुरंत आदेश दिए कि दूषित खाद्य सामग्री का वितरण तुरंत बंद किया जाए और दोषी कर्मचारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।
जांच में शामिल आंगनबाड़ी केंद्रों में गांव खर, धार-ढ्ढ, धार-ढ्ढढ्ढ, शरद, बेथाड़ी, डाक, बवात, ओरन, मुशाड़ी और मझगांव (उपमंडल कुपवी) शामिल हैं। सीडीपीओ चौपाल को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे मामले की गहन जांच कर आवश्यक कदम उठाएँ।
हिमाचल प्रदेश में कुल 18,925 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं। इनमें से 2,716 केंद्र स्कूलों में और 10,000 से अधिक किराए के भवनों में चल रहे हैं। इन केंद्रों के माध्यम से छोटे बच्चों और गर्भवती महिलाओं को पोषाहार प्रदान किया जाता है। इस योजना के अंतर्गत लगभग 37,000 कर्मचारी तैनात हैं और लाभार्थियों की संख्या 2.85 लाख से अधिक है। इनमें करीब डेढ़ लाख बच्चे शामिल हैं।
राज्य खाद्य आयोग का कहना है कि बच्चों के पोषाहार के प्रति संवेदनशीलता बनाए रखना बेहद आवश्यक है। नन्हे बच्चों की सेहत पर कोई भी जोखिम किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।