हिमाचल में नशे के खिलाफ बड़ी पहल: रिज मैदान से शुरू हुआ तीन महीने का एंटी-चिट्टा अभियान
शिमला/15/11/2025
हिमाचल प्रदेश में चिट्टा और अन्य नशे की बढ़ती समस्या को रोकने के लिए राज्य सरकार ने शनिवार को एक व्यापक जन-अभियान की शुरुआत की। मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शिमला के ऐतिहासिक रिज मैदान से ‘एंटी-चिट्टा वॉकथॉन’ को हरी झंडी दिखाकर इस राज्यव्यापी मुहिम का शुभारंभ किया। कार्यक्रम का उद्देश्य नशामुक्त हिमाचल के लिए सामूहिक जागरूकता और जनशक्ति को एकजुट करना है।
तीन महीने चलेगा अभियान, सभी जिलों में होंगी गतिविधियाँ
सरकार की इस मुहिम को केवल कार्यक्रम तक सीमित न रखते हुए अगले तीन महीनों तक पूरी राज्यभर में चलाया जाएगा। अभियान के तहत हर जिले और उपमंडल में इसी तरह की वॉकथॉन, जागरूकता रैलियां और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, ताकि नशे के दुष्प्रभावों के बारे में अधिक से अधिक लोगों को जागरूक किया जा सके।
रिज मैदान में उमड़ा जनसमूह, नेताओं से लेकर छात्रों तक की भागीदारी
वॉकथॉन ऐतिहासिक रिज से शुरू होकर चौड़ा मैदान तक आयोजित हुई। कार्यक्रम में राज्यपाल, कैबिनेट मंत्री, विधायक, विभिन्न विभागों के अधिकारी, कॉलेज और स्कूलों के विद्यार्थी तथा कई सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि बड़ी संख्या में शामिल हुए।
बच्चों की ओर से रिज और सीटीओ चौक पर प्रस्तुत जुबा नृत्य ने नशामुक्त जीवन का संदेश दिया, जबकि हिमाचल पुलिस आर्केस्ट्रा की प्रस्तुति ने पूरा माहौल उत्साह और ऊर्जा से भर दिया।
नशामुक्ति की शपथ के साथ नई शुरुआत
मुख्यमंत्री सुक्खू ने “भारत माता की जय” के नारों के बीच उपस्थित जनसमूह को नशामुक्ति की शपथ दिलाई। उन्होंने कहा कि चिट्टा और अन्य मादक पदार्थों के खिलाफ जंग तभी जीती जा सकती है, जब समाज एकजुट होकर इस चुनौती का सामना करे।
उन्होंने लोगों को संकल्प दिलाया कि वे न स्वयं नशा करेंगे और न अपने परिवार व समाज को इसकी चपेट में आने देंगे। उन्होंने युवाओं से विशेष रूप से इस अभियान से जुड़ने की अपील की और कहा कि एक स्वच्छ, स्वस्थ और नशामुक्त हिमाचल का निर्माण सबकी जिम्मेदारी है।
जन-आंदोलन बनाने की तैयारी
मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि यह केवल सरकारी प्रयास नहीं, बल्कि जन-आंदोलन है, जिसमें हर नागरिक की सक्रिय भूमिका जरूरी है। सरकार का लक्ष्य नशे के खिलाफ एक मजबूत सामाजिक माहौल तैयार करना है, ताकि हिमाचल आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित और नशामुक्त बन सके।