हिमाचल के सूरज शर्मा की ऐतिहासिक उपलब्धि—संसद के संविधान सदन में किया राज्य का प्रतिनिधित्व, लाल बहादुर शास्त्री पर दी प्रेरक प्रस्तुति
नई दिल्ली/02/11/2025
हिमाचल प्रदेश के युवा प्रतिनिधि सूरज शर्मा ने देश की संसद के संविधान सदन (सेंट्रल हॉल) में राज्य का प्रतिनिधित्व कर एक बड़ा गौरव हासिल किया। “Paying Homage to National Leaders” शीर्षक से आयोजित राष्ट्रीय कार्यक्रम में सूरज को देश के महान नेताओं को श्रद्धांजलि देने और उनके आदर्शों पर बोलने का अवसर मिला।
कार्यक्रम के दौरान सूरज शर्मा ने भारत के पूर्व प्रधानमंत्री और देश के महानतम नेताओं में से एक श्री लाल बहादुर शास्त्री के जीवन, उनके विचारों और ‘जय जवान, जय किसान’ जैसे अमर संदेश पर प्रभावशाली भाषण दिया। शास्त्री जी की सादगी, ईमानदारी और राष्ट्रहित के प्रति समर्पण को युवाओं के लिए मार्गदर्शक बताते हुए सूरज ने कहा कि भारत के निर्माण में शास्त्री जी के विचारों की प्रासंगिकता आज भी उतनी ही है।
सूरज ने संविधान सदन में खड़े होकर बताया कि इस पवित्र स्थल पर अपने राज्य का प्रतिनिधित्व करना उनके लिए सिर्फ सम्मान नहीं, बल्कि एक बड़ी जिम्मेदारी का प्रतीक है। उन्होंने कहा—
“संविधान सदन में बोलना केवल गौरव का विषय नहीं, बल्कि यह एहसास है कि हर युवा को देश के विकास में अपना योगदान देना चाहिए। मैं हिमाचल के उन मूल्यों—नम्रता, कर्तव्यनिष्ठा और सेवा—को लेकर आगे बढ़ रहा हूँ, जिन्होंने मुझे यह पहचान दी है।
इस कार्यक्रम में देशभर से चुनिंदा युवा वक्ताओं ने हिस्सा लिया, लेकिन सूरज शर्मा की प्रस्तुति को विशेष सराहना मिली। उन्होंने केवल शास्त्री जी के जीवन का उल्लेख ही नहीं किया, बल्कि यह भी समझाया कि आज के युवाओं के लिए सत्य, साहस और सरलता कितनी महत्वपूर्ण है।सूरज ने प्रदेश के मीडिया संस्थानों के प्रति आभार भी व्यक्त किया। उन्होंने लिखा कि हिमाचल के मीडिया द्वारा युवा उपलब्धियों को पहचान और मंच देने के कारण ही उन्हें यह प्रेरणा और समर्थन मिलता रहा है।